भोपाल।( पंचमहलकेसरीअखबार एम एस बिशौटिया)शिवराज जी अपने भगवान किसान के साथ क्या कर रहे है, राजनीतिक भावना से ऊपर उठकर भी देखिए- जीतू पटवारी प्रदेश के किसानों की सुध लो सरकार कि सिर्फ गोलियां ही चलवाते रहेंगे- जीतू पटवारी
September 4, 2020 • M.S.Bishotiya

भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया अध्यक्ष, पूर्व मंत्रीव कार्यकारी अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रदेश में अन्नदाता किसानों की समस्या को लेकर प्रदेश की शिवराज सरकार से गुहार लगाई है। उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से कहा है कि कांग्रेस और भाजपा की राजनैतिक विचारधारा से ऊपर उठकर हमें प्रदेश के पालनहार किसानों के विषय में सोचने की जरूरत है। जीतू पटवारी ने कहा कि आप किसान को अपना भगवान कहते हैं। लेकिन आप अपने इस भगवान के साथ कर क्या रहे हैं? आपकी पिछली सरकार में किसानों पर गोलियां चलाई गई, किसानों के बच्चों को जेल भेजा गया, टीकमगढ़ में किसानों को नंगा करके मारा गया। आपके राज में सबसे ज्यादा आत्महत्या किसानों ने की है यह सर्वविदित है। कांग्रेस कमेटी के मीडिया अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि आपने सरकार में आते ही किसानों की कर्जमाफी योजना समाप्त कर दी, किसानों का कर्ज आपकी सरकार खा गई। कमलनाथ सरकार ने बिजली के बिल जो आधे किए थे, वह फिर आपकी सरकार ने बढ़ा दिए हैं जो किसानों के लिए सिर दर्द बने हुए है। किसानों पर यातनाएं बढ़ गई है। आपने पिछले साल मांग की थी कि सोयाबीन की खराब फसल पर 40 हजार रुपए प्रति हेक्टेयर मुआवजा सरकार दे। लेकिन सरकार में आते ही आप मुआवजे की बात आते ही बीमा की बात करने लगते है एक तरफ किसान आपके द्वारा सरकार हथियाने के चक्कर में अपना कर्ज नहीं चुका सका और अब वह अपनी फसलों का बीमा नहीं करवा पा रहा है, क्योंकि उसका खाता ओवर ड्राफ्ट हो गया है। जीतू पटवारी ने बड़े दुःखी मन से मुख्यमंत्री से पूछा कि आप किस तरीके से अपने भगवान को यातना देने पर तुले है। मैं एक किसान का बेटा होने के नाते आपसे निवेदन करता हूँ कि राजनैतिक पार्टीयों की विचारधारा से ऊपर उठकर हमें एक सोच के साथ प्रदेश के अन्नदाता की मदद करना चाहिए। जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से हाथ जोड़कर निवेदन किया कि आज प्रदेश के किसान को सरकार की सहायता की जरूरत है हमें उनकी मदद करनी चाहिए। जीतू पटवारी ने मांग की है कि किसानों को सोयाबीन की फसल खराब होने पर 40 हजार रूपए प्रति हेक्टेयर के हिसाब से सरकार मुआबजा दे और बढ़े हुए बिजली के बिलों को माफ करें।